लखनऊ। प्रदेश में हवा का रुख अब बदलने लगा है। अगले दो- तीन दिनों में प्रदेश भर में धीरे-धीरे पछुआ हवा जोर पकड़ेगी। इसके चलते न्यूनतम तापमान में गिरावट से गुनगुनी सर्दियों का आगाज होगा। कश्मीर और हिमाचल में हुई बर्फबारी का असर जल्द ही मैदानी इलाकों में भी देखने को मिलेगा।
आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि 15 नवंबर से प्रदेश में पछुआ हवाओं के चलने से न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट देखने को मिलेगी।
वहीं प्रदेश के तराई इलाकों सिद्धार्थनगर, कुशीनगर, बहराइच, बलरामपुर, महराजगंज, गोरखपुर,
देवरिया के साथ ही प्रदेश के उत्तरी हिस्सों में सुबह के वक्त घने कोहरे का असर रहेगा।
नवंबर में गर्मी के अहसास की वजह
वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि पिछले कई महीनों से मध्य भारत में प्रति चक्रवात के बने रहने और वातावरण में नमी की मौजूदगी के साथ तेज धूप ने गर्मी का अहसास बढ़ा रखा है। इसके अलावा प्रदेश में किसी भी पश्चिमी विक्षोभ का सक्रिय न होना और पहाड़ों पर बर्फबारी की नामौजूदगी भी इसकी बड़ी वजह है।